Spread the love

हरविन्दर सिंह

लेखक – विपुल @old_cricketer
भूले बिसरे खिलाड़ी
भाग 4- हरविन्दर सिंह
लेखक -विपुल
पुरानी आईडी exx_cricketer
नई आईडी old_cricketer

old_cricketer

19/06/2022

सार्क टूर्नामेंट से सहारा कप तक

देबाशीष मोहंती के बाद हरविंदर सिंह की बात किये बगैर आगे नहीं बढ़ा जा सकता।जिन्होंने सहारा कप 1997 देखा है ,जो कि टोरंटो में भारत बनाम पाकिस्तान की एकदिवसीय श्रृंखला थी ,मेरी बात से पूरी तरह सहमत होंगे।

रेलवे और पंजाब के लिये घरेलू सर्किट में खेलने वाले दायें हाथ के मध्यम तेज़ गेंदबाज हरविंदर सिंह बंगलादेश में 1997 में हुए सार्क टूर्नामेंट में अच्छे प्रदर्शन से लाइम लाइट में आये थे जो एशिया की ए टीमों के बीच हुआ था।इसमें भारत ए के लिये अच्छे प्रदर्शन के बाद ये टीम इंडिया के लिए चुन लिए गए औऱ टोरंटो भेजे गए।

मोहंती हरविंदर की जोड़ी

सहारा कप का पिछला संस्करण भारतीय टीम हार चुकी थी और सचिन की कप्तानी में 97 में पहले मैच में श्रीनाथ, प्रसाद, अगरकर ,कुंबले कोई नहीं था।
अभय कुरुविला और राजेश चौहान मुख्य गेंदबाज थे।

देबाशीष मोहंती और हरविंदर सिंह का डेब्यू मैच था।आम भारतीय क्रिकेट फैन मान चुके थे कि हमारी जीत का कोई चान्स नहीं है ,तभी देबाशीष मोहंती और हरविंदर सिंह आते हैं और कमाल कर जाते हैं।

सहारा कप 1997 नब्बे के दशक के लड़कों की सबसे मीठी याद है।

हरविंदर ने सीरीज के पहले और अपने डेब्यू मैच में ही 8 ओवर फेंक के 3 विकेट लिये 44 रन देकर।विकेट थे, आफरीदी, सलीम मलिक और अज़हर महमूद के।

टेस्ट रिकॉर्ड

पूरे सहारा कप में हरविंदर ने अच्छी गेंदबाजी की ।इसी गेंदबाजी के आधार पर 1998 में ऑस्ट्रेलिया के भारत दौरे पर उन्हें सीरीज के तीनों टेस्ट मैच खेलने को मिले।पर 2 टेस्ट खेल कर मात्र 2 विकेट ले पाये ।अंतिम मैच श्रीलंका के खिलाफ 2001 में कैंडी में खेला ,जिसमें मात्र 2 विकेट लिए।

टेस्ट रिकॉर्ड खास नहीं है हरविंदर का।
3 टेस्ट 4 विकेट
46 एवरेज,68 स्ट्राइक रेट
बेस्ट 2/62

बेहतर वनडे रिकॉर्ड

वनडे रिकॉर्ड बेहतर है
16 वनडे, 24 विकेट
25एवरेज,5.32 इकोनॉमी।
प्रथम श्रेणी में 30 का और लिस्ट ए में 27 का गेंदबाजी औसत है।

ढाका में खेले गए ऐतिहासिक इंडिप्नेडेन्स कप में खेले थे, फाइनल में 3 विकेट भी लिए थे।
98 के बाद 3 साल इन्हें नहीं चुना गया।।2001 में दोबारा टीम में आये।केन्या के विरुद्ध आखिरी वनडे खेले 2001 में

बड़ी जीतों में योगदान


सहारा कप 1997 और ढाका इंडिप्नेडेन्स कप 1998 ,
इन दोनों जीतों में हरविंदर सिंह का बड़ा योगदान था।दोनों पाकिस्तान के खिलाफ थीं।
90 के दशक के क्रिकेट फैन इसीलिए इन्हें नहीं भूलते।और हां ,दोनों सीरीज के मेन हीरो दादा थे ।

दादा की फैन फॉलोइंग इसीलिये बहुत है।पाकिस्तान के खिलाफ जी जान लगा देते थे ,

हारने के बाद हंसते भी नहीं थे पाकिस्तान के खिलाड़ियों के साथ

🙏🙏

-विपुल

old_cricketer


पुरानी id -exx_cricketer
नई id -old _cricketer
सर्वाधिकार सुरक्षित -Exxcricketer.com


Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *